जापान के आइची-नागोया में आयोजित Asian Games 2026 में भारतीय एथलीट विध्या रामराज (Vithya Ramraj) ने महिला 400 मीटर हर्डल्स में कांस्य पदक जीतकर भारतीय एथलेटिक्स में नया इतिहास रच दिया। विध्या ने 54.75 सेकंड का समय निकालकर न केवल कांस्य पदक जीता, बल्कि महान भारतीय धाविका पी.टी. उषा का 42 साल पुराना राष्ट्रीय रिकॉर्ड भी तोड़ दिया। यह उपलब्धि इसलिए भी खास है क्योंकि विध्या ने तीन साल पहले 2023 हांगझोउ एशियन गेम्स में पी.टी. उषा के रिकॉर्ड की बराबरी की थी। अब नागोया में उन्होंने उसी रिकॉर्ड को पीछे छोड़ते हुए उसे अपने नाम कर लिया है।
54.75 सेकंड में रचा इतिहास :
महिला 400 मीटर हर्डल्स के फाइनल में विध्या रामराज ने 54.75 सेकंड का समय दर्ज किया और तीसरे स्थान पर रहीं।
इस स्पर्धा में:
- 🥇 मैरियम करीम (UAE) – 54.31 सेकंड
- 🥈 एडेलिना ज़ेम्स (कजाखस्तान) – 54.58 सेकंड
- 🥉 विध्या रामराज (भारत) – 54.75 सेकंड
मैरियम करीम ने स्वर्ण पदक के साथ नया Asian Games रिकॉर्ड भी बनाया। विध्या का 54.75 सेकंड का प्रदर्शन उनका Personal Best भी है। भारतीय एथलेटिक्स के आधिकारिक रिकॉर्ड में भी पी.टी. उषा का पुराना राष्ट्रीय रिकॉर्ड 55.42 सेकंड दर्ज है, जो उन्होंने 8 अगस्त 1984 को लॉस एंजिल्स ओलंपिक में बनाया था। विध्या ने इस रिकॉर्ड में 0.67 सेकंड का सुधार किया।
पी.टी. उषा का रिकॉर्ड कैसे टूटा?

पी.टी. उषा का 400 मीटर हर्डल्स में 55.42 सेकंड का राष्ट्रीय रिकॉर्ड लगभग चार दशकों तक कायम रहा। विध्या रामराज ने 2023 Asian Games, Hangzhou में 55.42 सेकंड का समय निकालकर इस रिकॉर्ड की बराबरी की थी और उसी प्रतियोगिता में कांस्य पदक भी जीता था। लेकिन रिकॉर्ड की बराबरी और रिकॉर्ड तोड़ने के बीच तीन वर्षों का अंतर रहा। 2026 में नागोया में विध्या ने 54.75 सेकंड का समय निकालकर 55.42 सेकंड के पुराने रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया। इस तरह 1984 में बना रिकॉर्ड अब भारतीय एथलेटिक्स के इतिहास का एक नया अध्याय बन गया है।
Asian Games 2026 में विध्या का दूसरा पदक :
400 मीटर हर्डल्स का कांस्य विध्या रामराज का इस एशियन गेम्स में दूसरा पदक है।इससे पहले उन्होंने भारत की Mixed 4×400 मीटर Relay Team के साथ रजत पदक जीता था। भारतीय टीम में पूवम्मा राजू, विशाल टी.के., मनु टी.एस. और विध्या रामराज शामिल थे। इस प्रदर्शन से स्पष्ट है कि विध्या केवल 400 मीटर हर्डल्स की विशेषज्ञ खिलाड़ी ही नहीं, बल्कि भारतीय 4×400 मीटर रिले कार्यक्रम की भी महत्वपूर्ण सदस्य हैं।
विध्या रामराज कौन हैं?
विध्या रामराज का जन्म 20 सितंबर 1998 को तमिलनाडु में हुआ। World Athletics के प्रोफाइल के अनुसार उनका मुख्य इवेंट 400m Hurdles और 400m है। उनका खेल सफर संघर्ष और निरंतर सुधार का उदाहरण है। उन्होंने 2023 में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान मजबूत की और इसके बाद Paris 2024 Olympics में भी भारतीय महिला 4×400 मीटर रिले टीम का हिस्सा रहीं।
रिकॉर्ड की पूरी कहानी एक नजर में :
| वर्ष | प्रतियोगिता | समय/उपलब्धि |
|---|---|---|
| 1984 | लॉस एंजिल्स ओलंपिक | पी.टी. उषा – 55.42 सेकंड |
| 2023 | हांगझोउ Asian Games | विध्या – 55.42 सेकंड, रिकॉर्ड की बराबरी |
| 2024 | Paris Olympics | भारत की 4×400m Relay Team का हिस्सा |
| 2026 | Asian Games, नागोया | विध्या – 54.75 सेकंड, नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड + कांस्य |
महत्वपूर्ण तथ्य :
1. खिलाड़ी: विध्या रामराज
2. खेल: एथलेटिक्स
3. स्पर्धा: महिला 400 मीटर हर्डल्स
4. Asian Games 2026: कांस्य पदक
5. समय: 54.75 सेकंड
6. नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड: 54.75 सेकंड
7. पुराना रिकॉर्ड: 55.42 सेकंड
8. पुराना रिकॉर्ड धारक: पी.टी. उषा
9. पी.टी. उषा का रिकॉर्ड: 1984 लॉस एंजिल्स ओलंपिक
10. 2023 Asian Games: विध्या ने 55.42 सेकंड के साथ रिकॉर्ड की बराबरी की थी।
11. Asian Games 2026 में दूसरा पदक: Mixed 4×400m Relay में रजत।
निष्कर्ष :
विध्या रामराज ने Asian Games 2026 में 54.75 सेकंड के प्रदर्शन के साथ पी.टी. उषा का 42 साल पुराना 55.42 सेकंड का राष्ट्रीय रिकॉर्ड पीछे छोड़ दिया और 400 मीटर हर्डल्स में कांस्य पदक जीता। तीन साल पहले इसी रिकॉर्ड की बराबरी करने वाली विध्या ने अब उसे तोड़कर भारतीय एथलेटिक्स के इतिहास में अपना नाम दर्ज कराया है।
स्त्रोत :
Athletics fedration of india













